PMAY-U: उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना के नाम पर एक गरीब व्यक्ति से ठगी किए जाने का मामला सामने आया है। पीड़ित ने स्थानीय वार्ड सभासद पर गंभीर आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपा है और आरोपी के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
क्या है पूरा मामला?
पीड़ित बुजेश कुमार राव का आरोप है कि वार्ड के सभासद ने उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत घर दिलाने का वादा किया था। इस काम के एवज में सभासद ने उनसे एक हजार रुपये लिए। पीड़ित का कहना है कि पैसे देने के बाद भी न तो उन्हें आवास मिला और न ही कोई सरकारी लाभ प्राप्त हुआ।
जब बुजेश ने अपने पैसे वापस मांगे, तो सभासद लगातार टालमटोल करने लगा। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया कि सभासद ने भुगतान के प्रमाण के तौर पर व्हाट्सएप पर एक रसीद भेजी थी, जिसे बाद में तकनीकी रूप से डिलीट (डिलीट फॉर एवरीवन) कर दिया गया ताकि सबूत मिटाया जा सके।
न्याय के लिए दर-दर भटक रहा पीड़ित
लगातार आश्वासन मिलने के बावजूद जब समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो पीड़ित ने थक-हारकर जिलाधिकारी के कार्यालय का दरवाजा खटखटाया है। प्रार्थना पत्र में पीड़ित ने स्पष्ट किया है कि सभासद ने अपने पद का दुरुपयोग कर धोखाधड़ी की है। उसने जिलाधिकारी से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर एफआईआर दर्ज करने और अपना पैसा वापस दिलाने की गुहार लगाई है।
प्रधानमंत्री आवास योजना जैसी जनकल्याणकारी योजनाओं में भ्रष्टाचार की ऐसी घटनाएं प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगाती हैं। फिलहाल, पूरे मामले की जानकारी होने के बाद स्थानीय लोगों में भी काफी आक्रोश है। पीड़ित अब प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की उम्मीद लगाए बैठा है।


