दिल्ली-एनसीआर की परिवहन व्यवस्था को एक नई ऊंचाई देने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया है। जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को फरीदाबाद और गुरुग्राम से जोड़ने वाले बहुप्रतीक्षित 64 किलोमीटर लंबे ‘नमो भारत’ ट्रेन Namo Bharat train कॉरिडोर की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) को मंजूरी मिल गई है।
मेरठ मंडलायुक्त की अध्यक्षता वाली समिति द्वारा दी गई यह मंजूरी इस महत्वाकांक्षी परियोजना के धरातल पर उतरने का मार्ग प्रशस्त करती है। अब यह रिपोर्ट राज्य सरकार के पास है, जहाँ से परीक्षण के बाद इसे केंद्र सरकार की अंतिम स्वीकृति के लिए भेजा जाएगा।
सूरजपुर बनेगा नमो भारत का प्रमुख इंटरचेंज हब
इस प्रस्तावित परियोजना का सबसे महत्वपूर्ण केंद्र ग्रेटर नोएडा का सूरजपुर होगा। योजना के अनुसार, सूरजपुर में एक विशाल ‘इंटरचेंज जंक्शन’ का निर्माण किया जाएगा, जो विभिन्न क्षेत्रों से आने वाले यात्रियों को एक सहज कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। इस कॉरिडोर का रूट नोएडा के सेक्टर-168 और सेक्टर-142 से होते हुए फरीदाबाद के सेक्टर-87/88 और बाटा चौक तक जाएगा।
इसके बाद यह मार्ग गुरुग्राम की ग्वाल पहाड़ी और सेक्टर-58/61 से गुजरते हुए इफ्को चौक तक पहुँचेगा। कुल 64 किलोमीटर के इस कॉरिडोर में करीब 51 किलोमीटर का हिस्सा हरियाणा में और 13 किलोमीटर का हिस्सा उत्तर प्रदेश में होगा। Namo Bharat train
19,390 करोड़ का निवेश और तकनीकी रूपरेखा
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (NCRTC) द्वारा तैयार इस परियोजना पर लगभग 19,390 करोड़ रुपये की भारी धनराशि खर्च होने का अनुमान है। हाल ही में हुई उच्च स्तरीय बैठक में मेरठ मंडलायुक्त, एनसीआरटीसी, नोएडा प्राधिकरण और यमुना प्राधिकरण (YEIDA) के वरिष्ठ अधिकारियों ने परियोजना के तकनीकी और प्रशासनिक पहलुओं पर विस्तार से मंथन किया। यह कॉरिडोर न केवल दो राज्यों की सीमाओं को जोड़ेगा, बल्कि दिल्ली-एनसीआर में सार्वजनिक परिवहन के प्रति लोगों के नजरिए को भी बदल देगा।
गाजियाबाद से नोएडा एयरपोर्ट तक भी नया नेटवर्क
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की कनेक्टिविटी को सर्वव्यापी बनाने के लिए सरकार एक और महत्वपूर्ण कॉरिडोर पर काम कर रही है। गाजियाबाद से नोएडा एयरपोर्ट तक प्रस्तावित यह कॉरिडोर 72.44 किलोमीटर लंबा होगा। इसकी डीपीआर पहले ही शासन के पास भेजी जा चुकी है।

इस मार्ग पर कुल 25 स्टेशन प्रस्तावित हैं, जिनमें से 11 स्टेशन रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) के होंगे, जबकि शेष स्टेशन मेट्रो नेटवर्क के साथ एकीकृत किए जाएंगे। प्रमुख स्टेशनों में गाजियाबाद साउथ, ग्रेटर नोएडा सेक्टर-2, सेक्टर-12, सूरजपुर, अल्फा-प्रथम और यीडा (YEIDA) के विभिन्न सेक्टर शामिल हैं। Namo Bharat train
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दिल्ली-एनसीआर में विस्तार की बयार
दिल्ली-एनसीआर में नमो भारत नेटवर्क का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। वर्तमान में दिल्ली के सराय काले खां से मेरठ तक का 82 किलोमीटर लंबा कॉरिडोर पहले ही लोगों को आधुनिक और तेज सफर की सुविधा दे रहा है। सराय काले खां से मेरठ के बीच बने 16 स्टेशनों ने साबित किया है कि आरआरटीएस प्रणाली सड़क यातायात के दबाव को कम करने में कितनी कारगर है। अब नोएडा एयरपोर्ट को इस नेटवर्क से जोड़कर सरकार इसे एक ‘एविएशन हब’ के रूप में सशक्त बनाने का प्रयास कर रही है। Namo Bharat train
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यात्रियों को मिलेगा विश्वस्तरीय अनुभव
इस परियोजना के पूरा होने के बाद यात्रियों के लिए नोएडा एयरपोर्ट तक पहुँचना अत्यंत सुगम हो जाएगा। नमो भारत ट्रेन की उच्च गति और आरामदायक सफर यात्रियों को सड़क मार्ग के लंबे जाम से मुक्ति दिलाएगा। इससे न केवल समय की बचत होगी, बल्कि प्रदूषण में भी कमी आएगी। सरकार की प्राथमिकता है कि एयरपोर्ट जाने वाले यात्रियों को एक ऐसा विकल्प मिले जो सुरक्षित, तेज और पर्यावरण के अनुकूल हो। Namo Bharat train
यह परियोजना दिल्ली-एनसीआर के आर्थिक विकास में मील का पत्थर साबित होगी। एनसीआरटीसी और राज्य सरकार का समन्वय जल्द ही इसे कागजों से बाहर निकालकर निर्माण कार्य में बदलने के लिए तैयार है। आम जनता के लिए यह एक बेहतर कल की शुरुआत है, जहाँ एक शहर से दूसरे शहर की दूरी अब मिनटों में सिमट जाएगी। Namo Bharat train


