चमोली: उत्तराखंड के चमोली जिले में गुरुवार शाम एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। पिपलकोटी में टिहरी हाइड्रो डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (THDC) की हाइड्रोपावर परियोजना के लिए निर्माणाधीन सुरंग में अचानक बड़ी मात्रा में पानी और मलबा घुस गया। हादसे में 7 मजदूरों की मौत हो गई, जबकि 2 श्रमिक अभी भी सुरंग के अंदर फंसे हुए हैं। राहत और बचाव टीमें उन्हें बाहर निकालने के लिए लगातार अभियान चला रही हैं।
शाम करीब साढ़े छह बजे अचानक सुरंग में घुसा पानी
चमोली के जिलाधिकारी गौरव कुमार के मुताबिक, घटना गुरुवार शाम करीब 6:30 बजे हुई। उस समय निर्माणाधीन सुरंग में काम चल रहा था। अचानक पानी के साथ भारी मात्रा में मलबा सुरंग के भीतर तेजी से आ गया। पानी का बहाव इतना तेज था कि कई मजदूर इसकी चपेट में आ गए और बहते हुए सुरंग के निकास की ओर पहुंच गए। घटना के समय परियोजना स्थल पर कुल 22 कर्मचारी और मजदूर काम कर रहे थे। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और तत्काल बचाव दलों को घटनास्थल पर भेजा गया।
14 मजदूर घायल, अस्पताल में चल रहा इलाज
हादसे में 14 मजदूर घायल हुए हैं। घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अस्पताल में भर्ती कुछ घायल श्रमिकों से बातचीत कर उनकी स्थिति की जानकारी ली। मुख्यमंत्री के मुताबिक, घायलों की हालत फिलहाल स्थिर है। हादसे में प्रभावित लोगों को हर संभव चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन की टीमें अस्पताल और घटनास्थल दोनों जगह लगातार निगरानी कर रही हैं।
दो मजदूरों को बचाने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
सुरंग के भीतर अभी भी दो मजदूरों के फंसे होने की जानकारी है। बचाव दल मलबा हटाकर और सुरक्षित रास्ता बनाकर उन तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। सुरंग के अंदर पानी और मलबे की स्थिति के कारण रेस्क्यू टीमों के सामने चुनौती बनी हुई है। प्रशासन की ओर से राहत और बचाव कार्य को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि फंसे हुए श्रमिकों तक जल्द से जल्द पहुंचा जा सके।
सीएम धामी ने दिए युद्धस्तर पर बचाव के निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हादसे की जानकारी मिलते ही अधिकारियों को राहत और बचाव कार्य युद्धस्तर पर चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वह वरिष्ठ अधिकारियों से लगातार घटनास्थल की स्थिति और रेस्क्यू ऑपरेशन की रियल टाइम अपडेट ले रहे हैं। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि हादसे में झारखंड और छत्तीसगढ़ के रहने वाले कुछ लोग भी प्रभावित हुए हैं। उन्होंने दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों को इसकी जानकारी दी है और भरोसा दिलाया है कि घायलों को हर जरूरी चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
स्थानीय विधायक बोले- प्रशासन पूरी तरह मौके पर
स्थानीय विधायक लखपत बुटोला ने घटना को बेहद दुखद बताते हुए कहा कि प्रशासन की पूरी टीम मौके पर मौजूद है। उन्होंने कहा कि इस मुश्किल घड़ी में बचाव कार्य में जुटे लोगों को हर संभव सहयोग दिया जा रहा है और प्रशासन की पहली प्राथमिकता सुरंग में फंसे मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालना है। हादसे के बाद इलाके में चिंता का माहौल है। परिजनों की नजरें रेस्क्यू ऑपरेशन पर टिकी हुई हैं और सभी को उम्मीद है कि सुरंग में फंसे दोनों श्रमिकों को जल्द सुरक्षित बाहर निकाल लिया जाएगा।


