मध्य प्रदेश के उज्जैन में सड़क चौड़ीकरण को लेकर प्रस्तावित कार्रवाई से पहले शाही मस्जिद के पास तनाव की स्थिति बन गई। मस्जिद के एक हिस्से को हटाने पहुंची प्रशासन और पुलिस की टीम का कुछ लोगों ने विरोध किया। देखते ही देखते मौके पर भीड़ जुट गई और पुलिस के साथ झड़प शुरू हो गई। इस दौरान पथराव भी हुआ, जिसके बाद पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े। मामला सड़क चौड़ीकरण की योजना से जुड़ा है। प्रशासन की ओर से इस परियोजना के तहत शाही मस्जिद के एक हिस्से को हटाने की कार्रवाई की जानी थी। इसी कार्रवाई के लिए टीम मौके पर पहुंची थी। लेकिन कार्रवाई शुरू होने से पहले ही बड़ी संख्या में लोग वहां जमा हो गए और विरोध करने लगे।
बताया जा रहा है कि उज्जैन में सड़क को चौड़ा करने का काम चल रहा है। परियोजना के दायरे में शाही मस्जिद का कुछ हिस्सा भी आ रहा है। प्रशासन की टीम इसी हिस्से को हटाने के लिए मौके पर पहुंची थी। टीम के पहुंचते ही मस्जिद के आसपास लोगों की भीड़ बढ़ने लगी। कुछ लोगों ने कार्रवाई का विरोध किया। देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई और पुलिस तथा भीड़ के बीच धक्का-मुक्की और झड़प की नौबत आ गई।
स्थिति उस समय और बिगड़ गई जब भीड़ की ओर से पुलिस पर पथराव शुरू हो गया। अचानक हुए पथराव के बाद पुलिसकर्मियों ने खुद को बचाने की कोशिश की और भीड़ को पीछे हटाने का प्रयास किया। हालात बेकाबू होते देख पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े। इसके बाद मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई और पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने की कार्रवाई शुरू की। घटना के बाद शाही मस्जिद और उसके आसपास के इलाके में पुलिस बल बढ़ा दिया गया। अधिकारियों की ओर से स्थिति पर नजर रखी जा रही है। प्रशासन की कोशिश है कि सड़क चौड़ीकरण से जुड़ी कार्रवाई के दौरान दोबारा तनाव की स्थिति न बने। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने लोगों को पीछे हटाया और इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखने की कोशिश की। फिलहाल प्रशासन की ओर से पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटाई जा रही है।
शाही मस्जिद पर प्रस्तावित कार्रवाई का मामला उज्जैन में चल रहे सड़क चौड़ीकरण प्रोजेक्ट से जुड़ा है। परियोजना के तहत सड़क की चौड़ाई बढ़ाने के लिए रास्ते में आने वाले कुछ निर्माणों को हटाया जाना है। इसी क्रम में मस्जिद के एक हिस्से को भी हटाने की योजना बनाई गई है। प्रशासन की कार्रवाई का विरोध करने वाले लोगों की भीड़ जुटने के बाद मामला अचानक कानून-व्यवस्था से जुड़ा बन गया। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि पथराव किस तरह शुरू हुआ और इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे।
घटना के बाद प्रशासन ने इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। पुलिस की मौजूदगी बढ़ाए जाने के साथ ही संवेदनशील स्थानों पर निगरानी रखी जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी तरह की स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। सबसे बड़ा सवाल यही है कि सड़क चौड़ीकरण के लिए प्रस्तावित कार्रवाई आगे कब और किस तरह होगी। प्रशासन और पुलिस के सामने एक तरफ परियोजना को आगे बढ़ाने की चुनौती है, तो दूसरी ओर इलाके में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखना भी अहम है।
























