नई दिल्ली: दिल्ली-NCR के लोगों के लिए मंगलवार का दिन कनेक्टिविटी के लिहाज से खास रहा। लंबे समय से निर्माणाधीन बारापुला फेस-3 एलिवेटेड कॉरिडोर का आज केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उद्घाटन किया। इस नए कॉरिडोर के शुरू होने से राजधानी के कई हिस्सों के बीच सफर आसान होने की उम्मीद है। खासकर रोजाना ऑफिस, कारोबार और अन्य कामों के लिए दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में आने-जाने वाले लोगों को इससे राहत मिल सकती है। बारापुला कॉरिडोर को दिल्ली में ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने वाली अहम परियोजनाओं में गिना जाता है। फेस-3 के पूरा होने के बाद इस कॉरिडोर का नेटवर्क और विस्तृत हो गया है। इसका उद्देश्य प्रमुख सड़कों पर वाहनों का दबाव कम करना और यात्रियों को अपेक्षाकृत तेज और सुगम रास्ता उपलब्ध कराना है।
बारापुला फेस-3 परियोजना को पूरा होने में काफी समय लगा। निर्माण के दौरान कई स्तरों पर काम किया गया, ताकि एलिवेटेड रोड के जरिए यातायात को ज्यादा व्यवस्थित किया जा सके। अब इसके उद्घाटन के साथ ही इस हिस्से को आम लोगों के इस्तेमाल के लिए खोल दिया गया है। दिल्ली में लगातार बढ़ती आबादी और वाहनों की संख्या के चलते प्रमुख मार्गों पर पीक आवर्स में ट्रैफिक जाम आम समस्या बन चुका है। ऐसे में नए एलिवेटेड कॉरिडोर से सड़क पर वाहनों की आवाजाही को बेहतर तरीके से मैनेज करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
बारापुला फेस-3 के चालू होने से दिल्ली के कई महत्वपूर्ण इलाकों के बीच कनेक्टिविटी मजबूत होने की संभावना है। एलिवेटेड कॉरिडोर होने के कारण वाहनों को कई जगहों पर नीचे की सड़कों के ट्रैफिक से अलग रास्ता मिलेगा। इससे यात्रा के समय में कमी आने और जाम से राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। सबसे ज्यादा फायदा उन लोगों को मिल सकता है जो रोजाना काम या अन्य जरूरी गतिविधियों के लिए लंबी दूरी तय करते हैं। सुबह और शाम के व्यस्त समय में ट्रैफिक का दबाव कम होने से यात्रियों को सफर में कुछ राहत मिल सकती है।
दिल्ली में बढ़ते ट्रैफिक को देखते हुए सड़क और परिवहन से जुड़ी कई परियोजनाओं पर काम किया जा रहा है। बारापुला एलिवेटेड कॉरिडोर भी इसी कड़ी का हिस्सा है। इसका मकसद सिर्फ एक नए रास्ते को जोड़ना नहीं, बल्कि मौजूदा सड़क नेटवर्क पर वाहनों का दबाव बांटना भी है। फेस-3 के शुरू होने के बाद आने वाले समय में इसके आसपास के प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक पैटर्न में बदलाव देखने को मिल सकता है। प्रशासन के सामने अब यह चुनौती भी होगी कि नए कॉरिडोर से जुड़ने वाले प्रवेश और निकास मार्गों पर यातायात को सुचारू रखा जाए।
बारापुला फेस-3 के उद्घाटन के साथ दिल्ली के सड़क नेटवर्क में एक और महत्वपूर्ण कड़ी जुड़ गई है। लंबे समय से इस परियोजना के पूरा होने का इंतजार कर रहे लोगों को अब इसका सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। आने वाले दिनों में यह साफ होगा कि कॉरिडोर शुरू होने के बाद आसपास के इलाकों में ट्रैफिक और यात्रा के समय पर इसका कितना असर पड़ता है। इसके उद्घाटन को दिल्ली-NCR की कनेक्टिविटी बेहतर करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। राजधानी में बढ़ते ट्रैफिक दबाव के बीच इस तरह की परियोजनाओं से यात्रियों को वैकल्पिक और अपेक्षाकृत तेज मार्ग उपलब्ध कराने की कोशिश की जा रही है।
























