मेरठ के जानी इलाके में पुलिस और स्वाट टीम की संयुक्त कार्रवाई में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के मुताबिक मुठभेड़ के दौरान दो आरोपियों के पैरों में गोली लगी। मौके से हथियार, एक वाहन, कई औजार और एक जीवित गाय भी बरामद की गई है। मेरठ के जानी थाना पुलिस और ग्रामीण स्वाट टीम ने संयुक्त अभियान में शनिवार देर रात चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक टिमकिया कोठी के पास घेराबंदी के दौरान आरोपियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। इसके जवाब में हुई कार्रवाई में दो आरोपी घायल हो गए। सभी आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
मुखबिर की सूचना पर की गई घेराबंदी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार टिमकिया चौराहे पर उस समय सघन जांच अभियान चल रहा था। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि टिमकिया कोठी स्थित एक खंडहर में कुछ संदिग्ध लोग इकट्ठा हैं। सूचना के आधार पर पुलिस और ग्रामीण स्वाट टीम मौके पर पहुंची। पुलिस का कहना है कि टीम को देखते ही वहां मौजूद लोगों ने भागने की कोशिश की और पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी।
जवाबी कार्रवाई में दो आरोपी घायल
पुलिस के मुताबिक आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई के दौरान नौशाद और शहबाज नाम के दो आरोपियों के पैरों में गोली लगी। दोनों को हिरासत में लेकर इलाज के लिए अस्पताल भेज दिया गया। वहीं इकरार और रिहान को पुलिस ने मौके से भागकर पकड़ लिया। चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
हथियार, वाहन और औजार बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से दो अवैध तमंचे, कारतूस, धारदार हथियार, रस्सियां, टॉर्च, प्लास्टिक के कट्टे, एक टाटा इंट्रा पिकअप वाहन, एक मोटरसाइकिल और एक जीवित गाय बरामद की है। अधिकारियों के अनुसार सभी सामान को जब्त कर सुरक्षित रख लिया गया है और मामले की आगे जांच की जा रही है।
पहले दर्ज मामले में भी आया नाम
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने जानी क्षेत्र में चार मई को दर्ज एक मामले में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। पुलिस का कहना है कि इस मामले में पहले से ही मुकदमा दर्ज है और गिरफ्तार आरोपियों से लगातार पूछताछ कर अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
कई मामलों में दर्ज हैं मुकदमे
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों में से कुछ के खिलाफ अलग-अलग थानों में पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें लूट, अवैध हथियार रखने, हत्या के प्रयास, गैंगस्टर एक्ट और अन्य गंभीर धाराओं से जुड़े केस शामिल बताए जा रहे हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी आरोपियों के आपराधिक इतिहास की गहन जांच की जा रही है और अन्य राज्यों में दर्ज मामलों की भी जानकारी एकत्र की जा रही है।


