West Bengal बजट 2026-27: महिलाओं, युवाओं और रोजगार पर बड़ा फोकस
वित्त मंत्री ने घोषणा की कि राज्य सरकार आने वाले समय में एक लाख सरकारी रिक्त पदों को भरेगी। इनमें 33 प्रतिशत पद महिलाओं के लिए आरक्षित किए जाएंगे। सरकार का दावा है कि इस फैसले से न केवल बेरोजगारी कम होगी, बल्कि प्रशासनिक ढांचे में महिलाओं की भागीदारी भी बढ़ेगी। रोजगार को लेकर यह बजट का सबसे बड़ा और चर्चित ऐलान माना जा रहा है।
सरकार ने महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए “अन्नपूर्णा योजना” के तहत 36,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। इस योजना के अंतर्गत पात्र महिलाओं को हर महीने 3,000 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाएगी। राज्य सरकार का कहना है कि इससे लाखों महिलाओं को आर्थिक सुरक्षा मिलेगी और उनकी सामाजिक स्थिति मजबूत होगी।
सरकारी कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत
बजट में सरकारी कर्मचारियों के लिए भी बड़ी घोषणा की गई। वित्त मंत्री ने महंगाई भत्ते (DA) में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी का ऐलान किया। लंबे समय से डीए वृद्धि की मांग कर रहे कर्मचारियों के लिए यह फैसला बड़ी राहत माना जा रहा है। सरकार का कहना है कि इससे कर्मचारियों की क्रय शक्ति बढ़ेगी और बढ़ती महंगाई का असर कुछ हद तक कम होगा।
विधायकों को भी मिला तोहफा
राज्य सरकार ने विधायक स्थानीय क्षेत्र विकास निधि (MLALAD Fund) को भी बढ़ाने का फैसला किया है। अब प्रत्येक विधायक को अपने क्षेत्र के विकास कार्यों के लिए सालाना 70 लाख रुपये की जगह 1 करोड़ रुपये उपलब्ध कराए जाएंगे। सरकार का दावा है कि इससे स्थानीय स्तर पर विकास परियोजनाओं को गति मिलेगी और जनता को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
उद्योगों को बढ़ावा देने की तैयारी
मुख्यमंत्री Suvendu Adhikari ने बजट पेश होने के बाद आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि राज्य सरकार औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने के लिए नई नीतियों पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के दौरान उद्योगों को मिलने वाली कई प्रोत्साहन योजनाएं बंद कर दी गई थीं, जिन्हें अब दोबारा लागू किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि निजी उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए सरकार शहरी भूमि सीमा अधिनियम (Urban Land Ceiling Act) की समीक्षा करेगी। इसके अलावा औद्योगिक निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए 5,000 करोड़ रुपये का विशेष प्रावधान किया गया है। सरकार का मानना है कि इससे राज्य में नए उद्योग स्थापित होंगे और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
कोलकाता स्टॉक एक्सचेंज को पुनर्जीवित करने की योजना
बजट में एक और महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए सरकार ने ऐतिहासिक Calcutta Stock Exchange को पुनर्जीवित करने की योजना का ऐलान किया। सरकार का कहना है कि वित्तीय गतिविधियों को बढ़ावा देने और निवेशकों के लिए नए अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से इस दिशा में काम किया जाएगा।
2021 चुनावी हिंसा के पीड़ित परिवारों को नौकरी
राज्य सरकार ने यह भी घोषणा की है कि वर्ष 2021 के विधानसभा चुनाव के बाद हुई हिंसा में मारे गए भाजपा कार्यकर्ताओं के परिजनों को सरकारी नौकरी दी जाएगी। सरकार का कहना है कि यह कदम प्रभावित परिवारों को आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए उठाया जा रहा है।
“विकसित भारत” के साथ “विकसित बंगाल” का लक्ष्य
अपने बजट भाषण में वित्त मंत्री स्वपन दासगुप्ता ने कहा कि सरकार का उद्देश्य पश्चिम बंगाल की खोई हुई प्रतिष्ठा को वापस लाना और “विकसित भारत” के लक्ष्य के साथ “विकसित बंगाल” का निर्माण करना है। उन्होंने कहा कि यह बजट केवल आय-व्यय का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि राज्य के भविष्य का रोडमैप है।
West Bengal बजट के प्रमुख बिंदु एक नजर में
-एक लाख सरकारी नौकरियों की भर्ती का ऐलान।
-33 प्रतिशत सरकारी नौकरियां महिलाओं के लिए आरक्षित।
-अन्नपूर्णा योजना के लिए 36,000 करोड़ रुपये का प्रावधान।
-पात्र महिलाओं को हर महीने 3,000 रुपये की आर्थिक सहायता।
-सरकारी कर्मचारियों के डीए में 20 प्रतिशत की बढ़ोतरी।
-विधायक क्षेत्र विकास निधि 70 लाख से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपये।
-उद्योगों को प्रोत्साहन देने के लिए 5,000 करोड़ रुपये का आवंटन।
-शहरी भूमि सीमा अधिनियम की समीक्षा की तैयारी।
-कोलकाता स्टॉक एक्सचेंज को पुनर्जीवित करने की योजना।
-2021 चुनावी हिंसा में मारे गए भाजपा कार्यकर्ताओं के परिजनों को नौकरी।
पश्चिम बंगाल बजट 2026-27 को रोजगार, महिला कल्याण, औद्योगिक विकास और प्रशासनिक सुधारों पर केंद्रित बजट माना जा रहा है। एक लाख सरकारी नौकरियों, महिलाओं के लिए 3,000 रुपये मासिक सहायता, डीए बढ़ोतरी और उद्योगों को बढ़ावा देने जैसी घोषणाओं ने राज्य की राजनीति और अर्थव्यवस्था दोनों में नई चर्चा छेड़ दी है। अब निगाहें इस बात पर होंगी कि सरकार इन घोषणाओं को जमीनी स्तर पर कितनी तेजी और प्रभावी ढंग से लागू कर पाती है।

