LucknowNews: आप सांसद संजय सिंह बृहस्पतिवार को एसआईटी के सामने पेश हुए और अयोध्या में जमीनों की खरीद में हुए घोटाले के दस्तावेज सौंपे। उन्होंने कहा कि अयोध्या में भगवान श्रीराम के नाम पर महाघोटाला हुआ है। आम आदमी पार्टी के सांसद संजय सिंह बृहस्पतिवार को राम मंदिर चढ़ावा चोरी की जांच के लिए बनाई गई विशेष जांच समिति के मुखिया विजय विश्वास पंत के सामने पेश हुए और अयोध्या में जमीनों की खरीद में हुए घोटालों का सबूत दिया। मीडिया को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि अयोध्या में जमीनों की खरीद में महाघोटाला हुआ है। चार करोड़ की जमीन कुछ ही दिनों के बाद आठ करोड़ में खरीदी गईं और इसमें राम मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों से जुड़े लोग शामिल हैं। उन्होंने कहा कि महाघोटाले से जुड़े सबूत दस्तावेजों के रूप में एसआईटी को सौंप दिए गए हैं जिस पर कार्रवाई का भरोसा दिलाया गया है। अब देखते हैं कि क्या कार्रवाई होती है। उन्होंने कहा कि अयोध्या में भगवान श्रीराम के नाम पर महाघोटाला हुआ है।
एसआईटी रिपोर्ट में ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर सवाल, जांच के घेरे में प्रशासनिक व्यवस्था
एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट के बीच एक ऐसा तथ्य सामने आया है, जिसने ट्रस्ट की कार्यप्रणाली पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं। वर्ष 2020 में ट्रस्ट के गठन के कुछ ही महीनों बाद निजी ऑडिट फर्म ने दान प्रबंधन, आभूषणों के रिकॉर्ड, वित्तीय निगरानी और प्रशासनिक व्यवस्था में गंभीर खामियों की ओर संकेत कर सुधार की चेतावनी दी थी। इसके बावजूद ध्यान नहीं दिया गया। सूत्रों के मुताबिक फर्म ने रिपोर्ट में कहा था कि वित्तीय रिपोर्टिंग के लिए जरूरी अभिलेखों का अभाव है और प्रबंधन की जवाबदेही तय करने वाली स्पष्ट प्रशासनिक व्यवस्था भी नहीं है। एसआईटी की प्रारंभिक रिपोर्ट में भी चढ़ावे और वित्तीय प्रबंधन से जुड़े गंभीर सवाल उठे हैं, ऐसे में छह साल पुरानी इस ऑडिट रिपोर्ट को अपनी जांच का अहम आधार बन सकती है।


