बस्ती जिले के हर्रैया थाना क्षेत्र के केशवपुर गांव में एक बेहद भावुक और अनोखा नजारा देखने को मिला। गांव के अवनीश पाण्डेय ने करीब दस साल तक मेहनत करने के बाद ग्राम पंचायत अधिकारी की परीक्षा पास की। इन दस सालों में उन्हें कई बार असफलता मिली, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी और लगातार कोशिश करते रहे।

आखिरकार अवनीश का ग्राम पंचायत अधिकारी के लिए चयन हो गया, तो उनके पिता महेंद्र कुमार पाण्डेय बहुत खुश हुए। उन्होंने सोचा कि सिर्फ मिठाई बांटकर यह खुशी नहीं मनाई जाएगी, बल्कि कुछ खास किया जाएगा। इसलिए उन्होंने हाथी मंगवाया और बैंड-बाजे के साथ बेटे का स्वागत करने का फैसला किया।

गांव में आमतौर पर शादी में दूल्हा हाथी पर बैठता है, लेकिन इस बार सरकारी नौकरी पाने वाले अवनीश हाथी पर सवार होकर पूरे गांव में घूमे। आगे बैंड-बाजा बज रहा था और पीछे गांव के लोगों की भीड़ चल रही थी। यह नजारा देखकर सब लोग खुश हो गए और कई लोगों ने इसे अपने मोबाइल में कैद कर लिया।

अवनीश ने बताया कि उन्होंने दस साल तक मेहनत की और कभी उम्मीद नहीं छोड़ी। उन्होंने बताया कि वह गांव के उन बच्चों की मदद करना चाहते हैं जो आगे बढ़कर कुछ करना चाहते हैं। अगले तीन महीनों में जो भी बच्चे प्रतियोगी परीक्षा देंगे, उनकी परीक्षा फीस और आने-जाने का खर्च वह खुद उठाएंगे, ताकि गांव के बच्चे भी आगे बढ़ सकें।

अवनीश की यह कहानी उन सभी युवाओं के लिए एक सीख है, जो परीक्षा में असफल होने के बाद हिम्मत हार जाते हैं। यह दिखाती है कि अगर मेहनत और धैर्य बना रहे, तो सफलता जरूर मिलती है, चाहे उसमें कितना भी समय क्यों न लगे।

Share.
Leave A Reply

© 2026 Nation27

Exit mobile version