BSP कानपुर देहात की राजनीति में इन दिनों बसपा प्रत्याशी जितेंद्र सिंह उर्फ गुड्डन लगातार सुर्खियों में हैं। भारतीय जनता पार्टी BJP का दामन छोड़कर बहुजन समाज पार्टी BSP में शामिल होने और अकबरपुर-रनियां विधानसभा से प्रत्याशी घोषित होने के बाद अब उनके सामने कानूनी चुनौती भी खड़ी हो गई है। BSP
बसपा का कार्यकर्ता सम्मेलन
29 जुलाई को आयोजित BSP के विधानसभा स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन के दौरान नियमों के उल्लंघन के आरोप में अकबरपुर कोतवाली और रनिया थाना में दो अलग-अलग FIR दर्ज की गई हैं। इन मुकदमों में जितेंद्र सिंह गुड्डन समेत उनके अज्ञात समर्थकों को शामिल किया गया है। BSP
गाड़ियों से जाम
पुलिस के अनुसार, रायपुर चैराहै पर भारी भीड़ जमा करने और हाइवे पर गाड़िया का जमावड़ा और टोल प्लाजा बारा से लगभग 60 से 70 चार पहिया वाहनों का काफिला निकाला गया। आरोप है कि BSP रोड मार्च के दौरान डीजे, लाउडस्पीकर और ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग किया गया जो अनुमति की निर्धारित शर्तों और धारा 163 के आदेशों का उल्लंघन किया गया। BSP
शिकायत के बाद मुकदमा
रनियां थानाध्यक्ष दिनेश गौतम और बारा चौकी प्रभारी शोभित कटियार की ओर से दी गई शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि BSP की रैली के दौरान भीड़ नियंत्रण योजना का पालन नहीं किया गया, जिसके आधार पर विधिक कार्रवाई की गई है। BSP
यह भी पढ़ें- चुनाव में PK की साख और नितिन नबीन की प्रतिष्ठा दांव पर
जनपद में चर्चा का विषय बना
गौरतलब है कि BJP छोड़कर BSP में शामिल होने के बाद गुड्डन की उम्मीदवारी पहले ही जिले की राजनीति में चर्चा का विषय बनी हुई थी। अब कार्यकर्ता सम्मेलन के बाद दर्ज हुई दो FIR ने इस पूरे घटनाक्रम को और अधिक राजनीतिक रंग दे दिया है। BSP
रिपोर्ट- गौरव शुक्ला/सोनू सिंह @Nation27

