काठमांडू: नेपाल में आई त्रासदी (Nepal tragedy) का असर अब यूपी के पूर्वांचल तक दिखाई दे रहा है। नारायणी नदी के तेज बहाव में बहकर आए 9 अज्ञात शव कुशीनगर में मिले, जिन्हें शनिवार को एम्स गोरखपुर लाया गया।
यहां सभी शवों को डीप फ्रीजर में सुरक्षित रखा गया है। अब तक नेपाल में 903 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है जबकि करीब पांच हजार लोग लापता हैं.
नारायणी नदी में बहकर आए 9 शव
एम्स में फिलहाल 24 शवों को डीप फ्रीजर में सुरक्षित रखने की सुविधा उपलब्ध है। यानी जरूरत पड़ने पर और अज्ञात शवों को भी सुरक्षित रखने की व्यवस्था मौजूद है।
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अब सवाल शवों की पहचान और आगे की प्रक्रिया का है। क्या इनका पोस्टमार्टम होगा, पहचान के लिए इन्हें कितने समय तक सुरक्षित रखा जाएगा या आगे निस्तारण की प्रक्रिया अपनाई जाएगी, इसका फैसला सरका के निर्देश के बाद ही होगा।
फिलहाल एम्स में सुरक्षित रखे गए ये शव उन परिवारों के लिए उम्मीद की एक कड़ी हैं, जो नेपाल की त्रासदी के बाद अपने अपनों की तलाश में हैं। बता दें कि करीब एक हफ्ते पहले नेपाल में आई आपदा में अब तक 903 लोगों की मौत हो चुकी है।
अब तक 900 से ज्यादा लोगों की मौत
वहीं पांच हजार लोग अब भी लापता है. लापता लोगों को तलाने के लिए कई रेस्क्यू टीम दिन रात काम कर रही है लेकिन कई लोग दलदली पानी-मिट्टी के नीचे दब गए हैं. 900 से ज्यादा लोग तो सिर्फ एक टनल में फंसे हुए है जिन्हें निकालने के लिए भारत, नेपाल और चीन के सैनिक लगातार कोशिश कर रहे हैं.
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रिपोर्ट: मुकेश कुमार, कुणाल कौशल

