नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर खाने की गुणवत्ता पर उठे सवाल, एयरपोर्ट से खरीदे गए बूंदी के लड्डू में फफूंदी मिलने का दावा, यात्री ने सोशल मीडिया पर फोटो शेयर कर जताई नाराज़गी, X पर भारत सरकार के फूड सेफ्टी विभाग और यूपी पुलिस से की शिकायत, लड्डू की पैकिंग 6 जून, एक्सपायरी 6 अगस्त 2026 दर्ज,शॉप के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग, नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्रबंधन ने मामले का लिया संज्ञान।

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर यात्रियों को मिलने वाली खाद्य सामग्री की गुणवत्ता को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। एक यात्री ने एयरपोर्ट से खरीदे गए बूंदी के लड्डू में फफूंदी मिलने का दावा करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तस्वीरें साझा की हैं। यात्री ने इस मामले की शिकायत भारत सरकार के फूड सेफ्टी विभाग और उत्तर प्रदेश पुलिस से करते हुए संबंधित दुकान के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

घर पहुंचने के बाद जब पैकेट खोला गया
यात्री के मुताबिक, उसने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से बूंदी के लड्डू खरीदे थे। घर पहुंचने के बाद जब पैकेट खोला गया तो लड्डू पर फफूंदी दिखाई दी। इसके बाद यात्री ने लड्डू की तस्वीरें सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए खाने की गुणवत्ता पर नाराजगी जताई। पोस्ट में यात्री ने सवाल उठाया कि एयरपोर्ट जैसे महत्वपूर्ण स्थान पर इस तरह की खाद्य सामग्री यात्रियों को कैसे उपलब्ध कराई जा सकती है।
शिकायत में यात्री ने बताया कि लड्डू की पैकिंग पर निर्माण तिथि 6 जून और एक्सपायरी डेट 6 अगस्त 2026 दर्ज थी। यात्री का आरोप है कि एक्सपायरी डेट से पहले ही खाद्य सामग्री खराब हालत में मिली, जिससे खाद्य सुरक्षा मानकों को लेकर चिंता पैदा होती है मामले को लेकर यात्री ने भारत सरकार के फूड सेफ्टी विभाग और यूपी पुलिस को टैग करते हुए जांच और कार्रवाई की मांग की है। सोशल मीडिया पर शिकायत सामने आने के बाद नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्रबंधन ने मामले का संज्ञान लिया है। प्रबंधन की ओर से संबंधित विषय की जांच कर आवश्यक कदम उठाने की बात कही गई है।

एयरपोर्ट जैसे सार्वजनिक स्थानों पर खाद्य सामग्री की गुणवत्ता और स्वच्छता यात्रियों की सुरक्षा से जुड़ा अहम मुद्दा है। ऐसे में इस शिकायत के बाद खाद्य विक्रेताओं की निगरानी और गुणवत्ता जांच को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।
फिलहाल नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्रबंधन की ओर से मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा कि लड्डू में फफूंदी कैसे आई और इसके लिए जिम्मेदार पक्ष के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी।



