बस्ती: यूपी के बस्ती (Basti) में पुलिस ने लोगों को अश्लील वीडियो देखने और फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर साइबर ठगी करने वाले एक शातिर गिरोह का पर्दाफाश किया है।
ये गिरोह पहले PhonePe और Google Pay पर मोबाइल नंबर डालकर व्यक्ति का नाम पता करते थे, फिर क्राइम ब्रांच का अधिकारी बनकर अश्लील वीडियो देखने और मुकदमे में फंसाने का डर दिखा कर पैसे ऐंठते थे। पुलिस ने गिरोह के दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आदित्य गुप्ता और अजय सिंह के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक आरोपी करीब दो साल से साइबर ठगी में सक्रिय थे।
PhonePe या Google Pay पर सर्च करते थे नाम
ठग किसी भी मोबाइल नंबर को PhonePe या Google Pay पर सर्च कर उसका नाम पता करते और फिर फोन करके खुद को क्राइम ब्रांच का अधिकारी बताते थे। पीड़ित को कहा जाता था कि उसके खिलाफ अश्लील वीडियो देखने की शिकायत और 42 पन्नों की CDR मिली है।
इसके बाद ठग कोर्ट से मामला खत्म कराने के नाम पर चार लाख रुपये और थाने से मामला खत्म कराने के लिए 15 हजार रुपये मांगते थे। डरकर पीड़ित जब रकम भेज देता तो वॉयस चेंजर के जरिए खुद को बड़ा अधिकारी बताकर दोबारा पैसे मांगे जाते और इस तरह बैंक खाता खाली कर दिया जाता था।
जांच में सामने आया कि आरोपी 10 से 12 बैंक खाते और सिम साइबर अपराध के लिए उपलब्ध कराते थे। ठगी की रकम में से करीब 30 प्रतिशत कमीशन लेते थे। जौनपुर के एक पीड़ित से इसी तरीके से 11 हजार रुपये की ठगी की गई थी।
दो ठगों को पुलिस ने किया गिरफ्तार
साइबर क्राइम थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 7 सितंबर को दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और साइबर ठगी की वारदातों की जांच कर रही है।
अपर पुलिस अधीक्षक बस्ती ने लोगों से अपील की है कि कोई भी व्यक्ति पुलिस अधिकारी बनकर फोन करे और पैसे मांगे तो घबराएं नहीं और रकम ट्रांसफर न करें। साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं। साथ ही किसी अनजान व्यक्ति से OTP और बैंक संबंधी जानकारी साझा न करें।
रिपोर्ट: इमरान अली


