सरोवर नगरी नैनीताल में देर रात असामाजिक तत्वों द्वारा घरों की छतों पर पथराव किए जाने से लोगों में डर का माहौल बना हुआ है। शहर के मेविला, जिला पंचायत, सीमेंट हाउस और जीवाजी कॉटेज समेत कई इलाकों में इस तरह की घटनाएं सामने आने के बाद स्थानीय लोग परेशान हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कुछ समय से शहर में छोटी-छोटी बातों को लेकर विवाद, गाली-गलौज और मारपीट जैसी घटनाएं बढ़ रही हैं। अब देर रात घरों पर पत्थर फेंकने की घटनाओं ने लोगों की चिंता और बढ़ा दी है। पथराव के कारण लोग अपने घरों से बाहर निकलने में भी डर महसूस कर रहे हैं।
लोगों ने बताया कि असामाजिक तत्व अक्सर रात के समय इस तरह की हरकतों को अंजाम देते हैं। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने खुद ही इलाके में निगरानी शुरू कर दी है। कई लोग रात में पुलिस की तरह गश्त कर रहे हैं, ताकि संदिग्ध लोगों पर नजर रखी जा सके। हालांकि अभी तक किसी भी आरोपी को पकड़ा नहीं जा सका है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि नैनीताल अपनी शांति, सुंदरता और पर्यटन के लिए देश-दुनिया में प्रसिद्ध है, लेकिन इस तरह की घटनाओं से शहर की छवि प्रभावित हो रही है। लोगों ने प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की है।
क्षेत्रवासियों ने कुमाऊं आयुक्त, जिला प्रशासन और पुलिस विभाग से शिकायत कर असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कदम उठाने की अपील की है। उन्होंने मांग की है कि संवेदनशील इलाकों में पुलिस गश्त बढ़ाई जाए और देर रात होने वाली गतिविधियों पर नजर रखी जाए।
फिलहाल पुलिस प्रशासन की ओर से मामले की जांच की जा रही है। स्थानीय लोग उम्मीद कर रहे हैं कि जल्द ही इस तरह की घटनाओं पर रोक लगेगी और शहर में फिर से सुरक्षा और शांति का माहौल कायम होगा।
रिपोर्ट- ललित जोशी (नैनीताल)/सोनू सिंह

