लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में लगातार हो रही बारिश ने एक बार फिर से परेशानी पैदा कर दी है। सोमवार के बाद मंगलवार को भी तेज बारिश के बाद लखनऊ के कई इलाकों में जलभराव हो गया। सड़कें पानी में डूब गईं और कई प्रमुख मार्गों पर यातायात प्रभावित रहा। तेज बारिश के चलते कई जगह हादसे और सड़क धंसने की घटनाएं भी सामने आई हैं।
सामान्य से ज्यादा हुई बारिश
जहां कुछ दिन पहले तक बारिश के पूर्वानुमान गलत साबित होते दिख रहे थे वहीं अब ये आंकड़े उलट गए हैं। बारिश के आंकड़ों के मुताबिक 1 सितंबर तक लखनऊ में सामान्य बारिश 523.9 मिलीमीटर होनी चाहिए थी, जबकि अब तक 525.5 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की जा चुकी है। यानी राजधानी में सामान्य से 1.6 मिलीमीटर अधिक बारिश हो चुकी है। मौसम विभाग के मुताबिक आने वाले दिनों में भी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। जिससे बारिश सामान्य से कहीं ज्यादा रिकॉर्ड होगी।
#WATCH उत्तर प्रदेश | लखनऊ के IT क्रॉसिंग के पास लगातार बारिश के कारण सड़क धंसने से बने गड्ढे में गिरने से एक मोटरसाइकिल सवार घायल हो गया। pic.twitter.com/M0TinA2Qc4
— ANI_HindiNews (@AHindinews) September 2, 2026
5 सितंबर तक बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने लखनऊ समेत उत्तर प्रदेश के अवध क्षेत्र के 10 जिलों में बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया है। पांच सितंबर तक बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। इस दौरान कुछ इलाकों में भारी बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की भी संभावना है। लखनऊ समेत यूपी के 10 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। ऐसे में अगले कुछ दिन राजधानी और आसपास के क्षेत्रों के लिए महत्वपूर्ण रहने वाले हैं।
बारिश के चलते पुराने लखनऊ के कई क्षेत्र पानी में डूब गए जहां नगर निगम ने पम्प लगाकर पानी निकाला, चिनहट क्षेत्र में एक सड़क धंस गयी जबकि पार्क रोड पर स्थित सिविल अस्पताल का मुख्य मार्ग पानी में डूब गया कुछ निचले इलाकों में पानी घरों तक पहुंच गया। प्रमुख सड़कों पर पानी भरने से वाहन चालकों को परेशानी हुई और कई जगह जाम की स्थिति बन गई।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिए निर्देश
यूपी में ज्यादा बारिश को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी जिलों के जिलाधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि किसी भी तरह की जनहानि होने पर तुरंत मुआवजा दिलाया जाए, इसके अलावा राहत विभाग से बारिश और बाढ़ से प्रभावित लोगों को शेल्टर और भोजन उपलब्ध कराने को कहा गया है, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद भी बाढ़ और बारिश के बाद के हालात पर नज़र बनाए हुए हैं।
रिपोर्ट: अभिषेक कुमार पाण्डेय


